$177 बिलियन डॉलर तक पहुंचने को तैयार भारत का Semiconductor बाजार! लाॅटरी साबित हो सकते हैं इन 3 कंपनियों के शेयर…

भारत का Semiconductor सेक्टर अब सिर्फ इंपोर्ट पर निर्भर बाजार नहीं, बल्कि एक तेजी से उभरता हुआ हब बनता जा रहा है। IMARC Group के मुताबिक, भारत का Semiconductor मार्केट 2025 में लगभग 59.8 बिलियन अमेरिकी डॉलर का था और 2034 तक इसके बढ़कर करीब 177 बिलियन डॉलर पहुंचने का अनुमान है, जिसमें 2026–2034 के दौरान लगभग 12.18% की CAGR रहने की संभावना है। इस ग्रोथ के पीछे इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग, 5G, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, इलेक्ट्रिक व्हीकल्स और सरकार की PLI जैसी नीतियां बड़ी भूमिका निभा रही हैं

नीति सपोर्ट और मैन्युफैक्चरिंग इकोसिस्टम

सरकार ने Semiconductor मैन्युफैक्चरिंग और पैकेजिंग के लिए अरबों डॉलर की प्रोडक्शन लिंक्ड इंसेंटिव स्कीम और “मेक इन इंडिया” के तहत कई प्रोजेक्ट को मंजूरी दी है। इसके साथ ही गुजरात के सानंद जैसे हब में फैब, OSAT और Semiconductor यूनिट्स के लिए जमीन, इंफ्रास्ट्रक्चर और टैक्स इंसेंटिव दिए जा रहे हैं। इन कदमों से आने वाले वर्षों में भारत चिप डिजाइन, मटेरियल्स और पैकेजिंग में ग्लोबल वैल्यू चेन का मजबूत हिस्सा बन सकता है

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CG Power and Industrial Solutions

CG Power and Industrial Solutions ने पारंपरिक इलेक्ट्रिकल बिजनेस से आगे बढ़कर Semiconductor वैल्यू चेन में एंट्री की है। कंपनी अपनी सब्सिडियरी CG Semi के ज़रिए गुजरात के सानंद में OSAT यूनिट लगा रही है, जो लगभग 7,600 करोड़ रुपये (76 अरब रुपये) के बड़े निवेश प्लान का हिस्सा है। वित्त वर्ष 2025–26 की तीसरी तिमाही में कंपनी की कंसॉलिडेटेड रेवेन्यू 3,175 करोड़ रुपये रही, जो सालाना आधार पर करीब 26% की ग्रोथ दिखाती है। इसी तिमाही में कंपनी ने स्विचगियर बिजनेस के ग्रीनफील्ड एक्सपेंशन के लिए लगभग 748 करोड़ रुपये के नए प्रोजेक्ट को मंजूरी दी है

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MosChip Technologies

MosChip Technologies एक फैबलेस Semiconductor डिजाइन और इंजीनियरिंग कंपनी है, जो इंटरनेशनल OEMs के साथ मिलकर ऑटोमोटिव, इंडस्ट्रियल और कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स के लिए चिप सॉल्यूशन तैयार करती है। Q2 FY26 में कंपनी की रेवेन्यू लगभग 146.94 करोड़ रुपये रही, जो साल-दर-साल करीब 17% की बढ़ोतरी को दिखाती है, जबकि नेट प्रॉफिट 25% बढ़कर 12.15 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। बढ़ती ग्लोबल आउटसोर्सिंग, डिजाइन सर्विसेज की डिमांड और इंडिया में टैलेंट कॉस्ट एडवांटेज कंपनी के लिए लंबी अवधि के अवसर बना रहे हैं।

Kaynes Technology India

Kaynes Technology India इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग सर्विसेज और IoT सॉल्यूशन में पहले से मजबूत प्लेयर है और अब सेमीकंडक्टर मैन्युफैक्चरिंग में भी कदम बढ़ा रही है। इसकी सब्सिडियरी Kaynes Semicon के जरिए गुजरात के सानंद में सेमीकंडक्टर यूनिट पर लगभग 3,300 करोड़ रुपये का निवेश किया जा रहा है, जो पैकेजिंग और हाई-एंड इलेक्ट्रॉनिक्स के लिए अहम होगा। Q2 FY26 में कंपनी की कंसॉलिडेटेड नेट सेल्स 906 करोड़ रुपये रही, जो पिछले साल की समान तिमाही के 572 करोड़ रुपये से काफी ऊपर है। जापान की AOI Electronics और Mitsui & Co. के साथ कंपनी की रणनीतिक पार्टनरशिप इसे ग्लोबल सप्लाई चेन में बेहतर कनेक्टिविटी और टेक्नोलॉजी एक्सेस देती है।

Disclaimer

यह सामग्री केवल शैक्षिक और सामान्य जानकारी के उद्देश्य से है और इसे किसी भी प्रकार की निवेश सलाह या खरीद-बिक्री की सिफारिश नहीं माना जाए। शेयर बाजार और डेरिवेटिव में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन हैं और पूंजी हानि की संभावना हमेशा बनी रहती है; निवेश का निर्णय पूरी तरह निवेशक की अपनी जिम्मेदारी है।